Friday, October 30, 2009

नींद की चित्रकथा


(साभार: अमित मनोज,महेन्द्रगढ़।)

नींद स्वास्थ्य के लिये जरूरी है और उसी स्वास्थ्य के लिये सवारी भी चाहिये। आप बताइये, इस नींद मे डूबे के पास अगर सवारी आये तो ये क्या करना चाहिये?
1) नींद से उठकर सवारी ले जायेंगे।
2) सवारी को मना कर देंगे और प्यारी नींद को प्राथमिकता देंगे।
3) सवारी से ज्यादा किराया मॉग लेंगे: अगर सवारी तैयार, तब जायेंगे वरना ‘ना’ कर देंगे।



4 comments:

परमजीत बाली said...

संदीप पाण्डेय said...

सवारी को मना कर देंगे सवारियां तो और मिलेंगी लेकिन ऐसी प्यारी नींद फिर मिले न मिले

Anonymous said...

chandan bhai
1) नींद से उठकर सवारी ले जायेंगे।
मेरा ans:यदि आप २४ घंटे काम को प्राथमिकता देते है तो.
2) सवारी को मना कर देंगे और प्यारी नींद को प्राथमिकता देंगे।
मेरा ans:यदि आप क्सिमत पर विश्वास करते है तो.मतलब चाहे जितना भी कर लो मिलेगा उतना ही जितना लिखा है.So take it easy man !!
3) सवारी से ज्यादा किराया मॉग लेंगे: अगर सवारी तैयार, तब जायेंगे वरना ‘ना’ कर देंगे।
मेरा अंस:Practical and confident which i think will succeed.
amit

aparna said...

kaam k waqt kaam hona chahiye, sone k lie kaafi lambi raat milti hai